ये सफलता प्रधान देश है।

यहां सफल होना जरुरी है, हर एक प्रयास में। यहां असफलताओं की कोई जगह नहीं है। असफल हुए तो कैसे हुए? आप प्रयास नहीं करेंगे तो चल जाएगा, जहां हैं वहां बैठे रहिए, जो कर रहे हैं वो ज़िंदगी भर करते रहिए, लेकिन प्रयास करने के बाद असफल हो पाने की लग्जरी आपको नहीं देता ये देश। असफलता के लिए हरगिज माफ नहीं करेगा ये देश। यहां प्रयास सेलेब्रेटेड नहीं हैं, केवल सफलता सेलेब्रेटेड है। यह सिर्फ सफलता पर गर्व करके छाती फुलाने वालों और सफलता में क्रेडिट लेने वालों का देश है। ये वो देश नहीं है जहां प्रयास को सराहा जाए, जहां असफलता को “अनुभव” माना जाए, जहां असफलता पर दूसरा मौका दिया जाए। यह देश असफल होते ही खारिज करता है, असफलता कलंक है यहां। इसीलिए यहां एडीसन पैदा नहीं होते, लिंकन पैदा नहीं होते, “लाईफ सेट” करने वाले गधे पैदा होते हैं। यहां सराहना सिर्फ सफलता को ही मिलती है। इसलिए सफल होना जरुरी है। इस देश का मूलमंत्र बन गया है कि “सफलता चाहिए किसी भी कीमत पर”। गौर कीजिए “किसी भी कीमत पर”। साम, दाम, दंड, भेद, हरामीपन, कमीनापन, चाटुकारिता कुछ भी करके सफल हो जाईए बस। ईज्जत मिलेगी आपको। प्रयास करके असफल होंगे तो ये देश हंसेगा आप पर, बेवकूफ बताएगा आपको। जो कर रहे हैं उस में घिस कर ज़िंदगी निकाल देंगे तो ये देश इसे “सेट” होना कह कर सराहेगा। तो “सेट” होईए, प्रयास मत कीजिए। ये प्रयासों का देश नहीं है।

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